PF Withdrawal Update: कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) अपने 30 करोड़ से अधिक सदस्यों के लिए एक क्रांतिकारी बदलाव करने जा रहा है। जनवरी 2026 की ताजा रिपोर्ट्स के अनुसार, अब पीएफ (PF) से पैसा निकालना एटीएम से कैश निकालने जितना आसान होने वाला है।
अगले दो से तीन महीनों में ईपीएफओ BHIM ऐप के जरिए ‘इंस्टेंट विड्रॉल’ (Instant Withdrawal) की सुविधा शुरू कर देगा। यह कदम डिजिटल इंडिया की दिशा में एक बड़ा मील का पत्थर साबित होगा, जिससे इमरजेंसी में पैसों की जरूरत पड़ने पर आपको हफ्तों इंतजार नहीं करना पड़ेगा।
UPI और BHIM ऐप के जरिए तुरंत मिलेगा पैसा
EPFO ने इस सुविधा के लिए NPCI (भारतीय राष्ट्रीय भुगतान निगम) के साथ हाथ मिलाया है। नई व्यवस्था के तहत, सदस्य अपनी स्वास्थ्य संबंधी जरूरतों, शिक्षा या किसी विशेष स्थिति में UPI-लिंक्ड बैंक खाते में तुरंत पैसा मंगा सकेंगे। शुरुआत में यह सुविधा केवल BHIM ऐप पर उपलब्ध होगी, लेकिन भविष्य में इसे Google Pay और PhonePe जैसे अन्य यूपीआई ऐप्स पर भी विस्तार दिया जा सकता है। वर्तमान में ₹5 लाख से कम के ऑटो-दावों को सेटल होने में कम से कम 3 दिन लगते हैं, लेकिन अब यह काम कुछ सेकंड्स में हो जाएगा।
निकासी पर लागू होंगी कुछ जरूरी सीमाएं (Limits)
चूंकि यूपीआई ट्रांजेक्शन पर RBI की अपनी सीमाएं होती हैं, इसलिए आप एक बार में अपने पीएफ का पूरा हिस्सा (Corpus) ऐप से नहीं निकाल पाएंगे। जनवरी 2026 के नियमों के अनुसार, यूपीआई की सामान्य डेली लिमिट ₹1 लाख है, लेकिन मेडिकल और एजुकेशन जैसी श्रेणियों के लिए इसे ₹5 लाख तक किया गया है। अधिकारियों का कहना है कि दुरुपयोग को रोकने के लिए शुरुआती दौर में निकासी की राशि पर एक ‘कैप’ (Cap) भी लगाई जा सकती है, जिसे अभी अंतिम रूप दिया जाना बाकी है।
कैसे काम करेगा ‘इंस्टेंट पीएफ’ सिस्टम?
जब कोई सदस्य BHIM ऐप के जरिए दावा (Claim) फाइल करेगा, तो ईपीएफओ का बैकएंड सिस्टम आधार, बैंक डिटेल्स और यूएएन (UAN) का तुरंत मिलान करेगा। वेरिफिकेशन सफल होते ही, स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) के माध्यम से पैसा सीधे सदस्य के खाते में ट्रांसफर कर दिया जाएगा। यह पूरी प्रक्रिया ‘EPFO 3.0’ डिजिटलीकरण ढांचे का हिस्सा है, जिसे अक्टूबर 2025 में मंजूरी दी गई थी। इसका मुख्य उद्देश्य कागजी कार्रवाई को खत्म करना और नियोक्ता (Employer) पर निर्भरता कम करना है।
निकासी के लिए अनिवार्य शर्तें और पात्रता
इस हाई-टेक सुविधा का लाभ लेने के लिए आपका UAN एक्टिव होना और आधार से लिंक होना अनिवार्य है। इसके अलावा, आपका बैंक खाता और पैन (PAN) विवरण भी अपडेट होना चाहिए। पूर्ण निकासी (Full Withdrawal) केवल रिटायरमेंट या 2 महीने की बेरोजगारी के बाद ही संभव है। वहीं, आंशिक निकासी (Partial Withdrawal) के लिए 7 साल की नौकरी (शादी और शिक्षा के लिए) या 5 साल की नौकरी (घर खरीदने के लिए) जैसी शर्तें पहले की तरह ही लागू रहेंगी।
मेडिकल और इमरजेंसी के लिए राहत
मेडिकल इमरजेंसी के मामले में किसी भी ‘मिनिमम सर्विस पीरियड’ की जरूरत नहीं होती है। आप अपनी 6 महीने की बेसिक सैलरी और डीए (DA) के बराबर या कर्मचारी का हिस्सा (जो भी कम हो) तुरंत निकाल सकते हैं। यह नई यूपीआई सुविधा विशेष रूप से उन लोगों के लिए ‘संजीवनी’ का काम करेगी जिन्हें अचानक अस्पताल के बिल या बच्चों की स्कूल फीस भरने के लिए रुपयों की जरूरत होती है।
डिस्क्लेमर: यह जानकारी वर्तमान मीडिया रिपोर्ट्स और सरकारी घोषणाओं पर आधारित है। पीएफ निकासी से जुड़ी अंतिम शर्तों और सीमाओं के लिए कृपया ईपीएफओ की आधिकारिक वेबसाइट या अपने क्षेत्रीय पीएफ कार्यालय से संपर्क करें।
